नेताजी सुभाषचंद्र बोस की जयंती को आइसा-इंक़लाबी नौजवान सभा ने मनाया किसान-नौजवान एकजुटता दिवस

 

कुणाल सिंह/आरा:-नेताजी सुभाषचंद्र बोस की जयंती को आइसा-इंक़लाबी नौजवान सभा ने किसान-नौजवान एकजुटता दिवस के तौर पर मनाया. सबसे पहले नागरीप्रचारिणी सभागार के पास अवस्थित नेताजी सुभाषचंद्र बोस की मूर्ति पर माल्यार्पण किया गय।इसके बाद सुभाषचंद्र बोस की मूर्ति से लेकर टाउन थाना चौक तक किसान-नौजवान एकजुटता मार्च निकाला गया जिसका नेतृत्व इंकलाबी नौजवान सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष व अगिआंव विधायक मनोज़ मंज़िल,भाकपा माले के केन्द्रीय कमिटी सदस्य व किसान नेता राजू यादव,आइसा के राज्य सचिव सबीर,जिलाध्यक्ष पप्पू कुमार,माले नेता दिलराज प्रीतम,ने किया।

मार्च के उपरांत टाउन थाना चौक पर सभा हुई।

सभा को संबोधित करते हुए इंक़लाबी नौजवान सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष मनोज़ मंज़िल ने कहा कि आज देश को बचाने के लिए नेताजी सुभाषचंद्र बोस की साम्राज्यवादी विरोधी विरासत के रास्ते आगे बढ़ना होगा. देश का किसान कॉर्पोर्टेप्रस्त तीनों कृषि कानूनों के खिलाफ लगभग दो महीनों से दिल्ली के विभिन्न बोर्डरों पर डटे हुए है लेकिन मोदी सरकार कानूनों को वापस नही ले रही है. अब किसानों का आंदोलन देशव्यापी स्वरुप ग्रहण कर रहा है और इनके आंदोलनों के समर्थन में देश का छात्र-नौजवान भी कूद पड़े है.अंग्रेजों की गुलामी से मुक्ति के बाद पिछले 70 सालों के कृषकों के प्रयास से हम भोजन के मामले में आत्मनिर्भर हुए हैं पर कॉरपोरेट लाभ के लिए असंवैधानिक तरीके से देश पर लादे गए कृषि कानूनों के माध्यम से हमारे भोजन का अधिकार खत्म किया जा रहा है. देश के नौजवान इस बात को भली भांति समझ रहा है कि उनके शिक्षा-रोजगार को छिनने के बाद अब मोदी सरकार कृषि क्षेत्र को भी बर्बाद करने का प्रयास कर रही है।

सभा को संबोधित करते हुए किसान नेता व भाकपा माले के केंद्रीय कमिटी सदस्य राजू यादव ने कहा कि देश के तमाम संसाधनों को मोदी सरकार अम्बानी-अडानी के हाथों गिरवी रख देना चाहती है. इसी क्रम में कल-कारखानों, रेलवे के बाद कृषि को भी पूंजीपतियों के हाथों बेच कर देश में दूसरा कंपनी राज स्थापित करने की कोशिश में है. लेकिन हम नौजवान भगत सिंह-अंबडेकर-सुभाषचंद्र के साम्राज्यवाद-पूँजीवाद विरोधी विरासत के रास्ते आगे बढ़ कर इनके मंसूबों को ध्वस्त करेंगे।

26th january indian flag design for republic day

सभा को संबोधित करते हुए छात्र नेता आइसा के राज्य सचिव सबीर व जिला अध्यक्ष पप्पू कुमार ने कहा कि हम छात्र नौजवान मजदूर-किसानों के ही औलाद है. इसलिए किसानों के साथ मिलकर तीनों कृषि कानूनों को वापस कराने के लिए आंदोलन तेज करेंगे।

उक्त वक्ताओं के साथ कार्यक्रम में दिलराज प्रीतम,रुचि प्रिया,बालमुकुंद चौधरी,शुशील यादव,हरिनाथ राम,धीरेंद्र,राजेन्द्र यादव,रौशन,सियाकांत,गौतम,कमलेश,रंजन,राकेश कुमार,संजय साजन,गोबर्धन,बबलू,छोटे जी, समेत दर्जनों लोग मौजूद थे।


[responsive-slider id=1811]

जवाब जरूर दे 

आप अपने सहर के वर्तमान बिधायक के कार्यों से कितना संतुष्ट है ?

View Results

Loading ... Loading ...


Related Articles

Close
Close

Website Design By Bootalpha.com +91 82529 92275